Homeनिकायलीकेज और अवैध नल कनेक्शन ने बढ़ाई लोगों की परेशानी

लीकेज और अवैध नल कनेक्शन ने बढ़ाई लोगों की परेशानी

घरों में पहुंच रहा है मटमैला पानी

भिलाई. अमृत मिशन योजना के तहत बिछाई गई पाइपलाइन कुछ लोगों के लिए बफौती बन गई है। जब चाहे, जहां चाहे, जैसा चाहे गड्‌ढा खोद रहे हैं और पाइपलाइन को तोड़कर नल कनेक्शन ले रहे हैं। खासकर बारिश में कुछ लोगों की इस तरह की हरकतों की वजह से पाइपलाइन में लीकेज की समस्या बढ़ रही है। लीकेज वाले स्थानों पर सप्लाई के दौरान प्रेशर से निकलने वाले पानी की वजह से गडढा बन गया है। गडढे में जमा होने वाला बारिश का मटमैला पानी पाइपलाइन के जरिए लोगों के घरों तक पहुंच रहा है। मटमैला पानी की वजह से लोगों की स्वास्थ्यगत परेशानी बढ़ रही है।

बारिश में पाइप लाइन से छेड़छाड़ उचित नहीं 

बारिश में पेयजल सप्लाई लाइन में किसी भी प्रकार से छेड़छाड़ को उचित नहीं माना जाता है, लेकिन यहां इसके उलट चल रहा है। कुछ लोग, लोगों से पैसे लेकर जब चाहे, जहां चाहे और जैसा चाहे खड़कों की खुदाई कर नल कनेक्शन दे रहे हैं। बारिश में पाइप लाइन के आसपास होने वाली खुदाई से गड़ढा एकदम से पूरी तरह से समतल नहीं होता पाता और गडढा रह जाता है। इस गडढे में बारिश का पानी जमा हाेता है। यही पानी, पाइप लाइन के लीकेज के माध्यम से घरों में पहुंचता है। यही वजह है कि घरों में मटमैला पानी सप्लाई होने की शिकायत आ रही है।

मानिटरिंग न कार्रवाई

आर्य नगर, पुरानी बस्ती कोहका, मंगल बाजार रोड, कुरुद बस्ती, केम्प-2, कृष्णा नगर और केम्प क्षेत्र में निगम प्रशासन की अनुमति के बगैर नल कनेक्शन बांटने का काम चल रहा है। यहां जो चाहे, जहां चाहे, जैसा चाहे, गडढा खोद रहे हैं और पाइप लाइन को तोड़कर नल कनेक्शन जोड़ ले रहे हैं। अनट्रेंड लोगों की इस तरह की हरकत की वजह से नई पाइप लाइन में लीकेज की समस्या बढ़ने की पूरी आशंका है।

निगम को दोहरा नुकसान

अवैध नल कनेक्शन से निगम प्रशासन को दोहरा नुकसान हो रहा है। पहली बात तो वह बिना अनुमति के नल कनेक्शन लेने की वजह से उनका नाम रिकॉर्ड में नहीं आएगा। यानी निगम प्रशासन को पता ही नहीं चल पाएगा कि फ्लां व्यक्ति के घर में नल कनेक्शन लगा है। जब सामने वाला का नाम रिकॉर्ड में ही नहीं रहेगा तो निगम प्रशासन को टैक्स भी नहीं मिलेगा। दूसरा नुकसान यह है कि नल कनेक्शन के लिए गडढा खुदने से सड़क भी खराब हो रही है।

शिकायत तो हुई, लेकिन सुनवाई नहीं 

मिशन योजना के तहत बिछाई गई मुख्य पाइप लाइन में ही कई जगह लीकेज है और वैशाली नगर विधानसभा क्षेत्र में तो बड़ा बड़ा लीकेज है। इसकी जानकारी निगम प्रशासन के अफसरों को भी दी गई, लेकिन किसी ने ध्यान नहीं दिया और जब  पाइप लाइन में पानी सप्लाई शुरू होती है तो पानी प्रेशर के साथ बाहर आता है। जैसे ही पाइप लाइन की सप्लाई बंद हो जाती है। लीकेज के आसपास गड़ढों में जमा पानी पुन: नीचे चला जाता है। इस तरह का लीकेज सबसे ज्यादा गौरवपथ के किनारे और जवाहर नगर क्षेत्र में देखा गया है।

वैशाली नगर महाविद्यालय से लेकर छावनी चाैक तक करीब डेढ़ किलोमीटर की दूरी पर छह स्थानों पर मुख्य पाइप लाइन में लीकेज है। इनमें वाटर एटीएम के सामने, योगेश ट्रेडर्स के सामने, हनुमान मंदिर के सामने, आम्रपाली वनांचल सिटी के प्रवेश द्वारा के बाजू में पूर्व दिशा की ओर, फौजी नगर पहुंच मार्ग के मोड़ का लीकेज शामिल है।

जवाहर नगर वाल्मीकी आवास रोड पर परमेश्वरी भवन के सामने बड़ा लीकेज है। जिसमें पाइप लाइन से सप्लाई के दौरान पानी प्रेशर के साथ बाहर निकलता है और गडढे में जमा होता है। जब सप्लाई बंद हो जाती है तो पानी वापस नीचे चला जाता है।

यह भी पढें: अवैध प्लाटिंग के खिलाफ बड़ी कार्रवाई, निगम ने निर्माणाधीन मकान के स्ट्रक्चर को ढहाया

छत्तीसगढ़ के अमरनाथ यात्रियों के लिए हेल्प नंबर जारी,फोन कर मांगी जा सकती है मदद

डेंगू व मलेरिया के मच्छरों से रहें सावधान, शरीर में ये लक्षण दिखने पर तुरंत ले चिकित्सक की सलाह

 

 

RELATED ARTICLES

Most Popular

error: Content is protected !!